Simran Mallick / Thu, Aug 20, 2026 / Post views : 1
नई दिल्ली: सावन और त्योहारों के मौसम में हाथों पर मेहंदी लगाने का चलन बढ़ जाता है। ऐसे में कई लोगों के मन में सवाल रहता है कि मेहंदी लगे हाथों से खाना खाने या बनाने से सेहत पर कोई असर पड़ता है या नहीं। आमतौर पर प्राकृतिक और शुद्ध मेहंदी त्वचा के लिए सुरक्षित मानी जाती है। हालांकि, मेहंदी लगे हाथों की साफ-सफाई और मेहंदी की गुणवत्ता का ध्यान रखना जरूरी है।
अगर मेहंदी प्राकृतिक है और हाथों को अच्छी तरह साफ किया गया है, तो केवल मेहंदी लगी होने की वजह से खाना खाने से किसी गंभीर बीमारी का सामान्य खतरा नहीं माना जाता। परेशानी का कारण अक्सर खराब स्वच्छता या मेहंदी में मौजूद कुछ रसायन हो सकते हैं।
बाजार में जल्दी और गहरा रंग देने वाली कुछ मेहंदी में केमिकल मिलाए जा सकते हैं। खासकर ब्लैक मेहंदी में PPD (पैराफेनिलीन डायमीन) जैसे रसायन हो सकते हैं, जो कुछ लोगों में त्वचा पर जलन, खुजली, लालिमा, सूजन या एलर्जी पैदा कर सकते हैं।
इसलिए मेहंदी खरीदते समय उसकी गुणवत्ता और सामग्री की जानकारी जरूर जांचें।
मेहंदी लगी होने के कारण उंगलियों के बीच और नाखूनों के आसपास सफाई करना मुश्किल हो सकता है। ऐसे में धूल और कीटाणु हाथों पर रह सकते हैं और भोजन के जरिए शरीर में पहुंच सकते हैं।
इसलिए खाना खाने या बनाने से पहले हाथों को पानी और साबुन से अच्छी तरह साफ करें। उंगलियों के बीच और नाखूनों के आसपास भी सफाई करना जरूरी है। अगर मेहंदी अभी गीली है, तो सीधे हाथों से खाना खाने या भोजन बनाने से बचना बेहतर है।
मेहंदी लगाने के बाद हाथों में तेज खुजली, जलन, लाल चकत्ते, सूजन या फफोले दिखाई दें तो इसे नजरअंदाज न करें। खासकर केमिकल या ब्लैक मेहंदी के इस्तेमाल के बाद ऐसे लक्षण दिखाई देने पर डॉक्टर से सलाह लेना उचित है।
निष्कर्ष: शुद्ध प्राकृतिक मेहंदी से आमतौर पर चिंता की जरूरत नहीं होती, लेकिन हाथों की स्वच्छता और मेहंदी की गुणवत्ता का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
नोट: यह सामान्य स्वास्थ्य जानकारी है। एलर्जी या त्वचा संबंधी गंभीर लक्षण होने पर चिकित्सकीय सलाह लें।
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